नज़रिया जीने का: साहस या दुःसाहस ? निर्णय की एक गलती, जीवन की बड़ी कीमत


नजरिया जीने का:  अक्सर हम साहस और दुःसाहस  के बीच के फर्क को भूल जाते हैं लेकिन हमें यह देखनी चाहिए कि सच्चा साहस सिर्फ दिखावे में नहीं होता बल्कि उसके लिए हमें समझदारी की भी जरूरत होती है. आप जोखिम ले सकते हैं लेकिन ध्यान रहे की जोश में किया गया निर्णय अक्षर पछतावे को ही आमंत्रित करता है साथ से बिना सोचे समझे लिया गए  जोखिम का फैसला साहस नहीं बल्कि दुःसाहस  कहा जाता है. क्योंकि हर जोखिम जीत नहीं दिलाता है कुछ जोखिम वाले निर्णय आपके लिए नुकसानदेह भी हो सकता है या ध्यान रखें दोस्तों के सच्चा साहस दिखावे में नहीं समझदारी में होता है और बहादुरी का मतलब कभी भी मौत से टकराना नहीं बल्कि सही वक्त का इंतजार करना होता है.

साहस और दुःसाहस में अंतर

साहस और दुःसाहस मे अक्सर हम फर्क  नहीं कर पाते हैं और अज्ञानता के कारण हम अक्सर अपने दुस्साहस को ही साहस समझने  का भ्रम पाल लेते हैं। साहसी व्यक्ति सोच-समझकर कार्य करता है, अपनी क्षमताओं का आकलन करता है और परिणामों की संभावनाओं को समझता है। जबकि दुस्साहस का अर्थ है बिना सोचे समझे जोखिम लेना। 

दुःसाहस को साहस समझने की भूल

अगर साहस और दुस्साहस की बीच के अंतर को समझने में आपको कोई असमंजस है तो विलियम रार्फ के इस कथन को याद रखें-"साहस और दुसाहस में फर्क है कि साहस में आपको मुश्किलों का सामना करना पड़ता है, जबकि दुसाहस में आप मुश्किलों के सामने झुक जाते हैं।"

साहस और दुस्साहस दो शब्द हैं जो अक्सर एक दूसरे के स्थान पर इस्तेमाल किए जाते हैं, लेकिन इनके बीच महत्वपूर्ण अंतर होता है।

जीवन में सही निर्णय

साहस का अर्थ है डर पर विजय प्राप्त करके जो सही है उसे करना। यह एक सकारात्मक गुण है जो हमें चुनौतियों का सामना करने, जोखिम लेने और कठिन परिस्थितियों में भी आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है। साहसी व्यक्ति सोच-समझकर कार्य करता है, अपनी क्षमताओं का आकलन करता है और परिणामों की संभावनाओं को समझता है।

सच तो यह है कि साहस का अर्थ है डर पर विजय प्राप्त करके जो सही है उसे करना। यह एक सकारात्मक गुण है जो हमें चुनौतियों का सामना करने, जोखिम लेने और कठिन परिस्थितियों में भी आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है। साहसी व्यक्ति सोच-समझकर कार्य करता है, अपनी क्षमताओं का आकलन करता है और परिणामों की संभावनाओं को समझता है।

विवेक और जोखिम

दुस्साहस का अर्थ है बिना सोचे समझे जोखिम लेना। यह एक नकारात्मक गुण है जो हमें खतरनाक परिस्थितियों में डाल सकता है और हानिकारक परिणामों का कारण बन सकता है। दुस्साहसी व्यक्ति आवेश में कार्य करता है, अपनी सीमाओं को अनदेखा करता है और संभावित खतरों को कम आंकता है।

अंतर को समझने के लिए कुछ बिंदु:

उद्देश्य: साहस का उद्देश्य सही काम करना होता है, जबकि दुस्साहस का उद्देश्य रोमांच या उत्तेजना प्राप्त करना होता है।

सोच: साहसी व्यक्ति सोच-समझकर कार्य करता है, जबकि दुस्साहसी व्यक्ति आवेश में कार्य करता है।

जोखिम मूल्यांकन: साहसी व्यक्ति अपनी क्षमताओं और परिस्थितियों का आकलन करता है, जबकि दुस्साहसी व्यक्ति जोखिमों को कम आंकता है।

परिणाम: साहस सकारात्मक परिणामों की ओर ले जाता है, जबकि दुस्साहस नकारात्मक परिणामों का कारण बन सकता है।

उदाहरण:

साहस: एक अग्निशामक जलती हुई इमारत में घुसकर लोगों को बचाता है जो निश्चित ही एक प्लैनिंग और स्ट्रैटिजी के साथ किया जाने वाला रूटीन वर्क है । 

दुस्साहस: एक व्यक्ति बिना तैयारी के खतरनाक पहाड़ी पर चढ़ने का प्रयास करता है जिसमे प्लैनिंग कि नहीं बल्कि किसी आवेश और अनावश्यक जोश की  पूत होती है 

साहस और दुस्साहस में स्पष्ट अंतर है। साहस एक सकारात्मक गुण है जो हमें चुनौतियों का सामना करने और सही काम करने के लिए प्रेरित करता है, जबकि दुस्साहस एक नकारात्मक गुण है जो हमें खतरनाक परिस्थितियों में डाल सकता है।


"साहस उस लक्ष्य को प्राप्त करने की क्षमता है जो हमें डर से अधिक महत्वपूर्ण लगता है।" - अरिस्टोटल।

"दुसाहस उसे कहते हैं जब आप अपनी मनोबल से हार मान लेते हैं, साहस उसे कहते हैं जब आप दुसरी बार कोशिश करते हैं।" - डेल कार्नेगी।

"जीवन में साहस दिखाने का अर्थ यह नहीं है कि हमे कभी डर नहीं लगता, बल्कि यह है कि हम अपने डर के बावजूद आगे बढ़ते हैं।" - नेल्सन मंडेला।

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